एस के श्रीवास्तव विकास

वाराणसी/-किसी में क्षेत्र में सफलता प्राप्त करने के लिए लक्ष्य बनाकर कार्य करें सीएलएफ की दीदियां ताकि कम समय मे पूरा कर सकें।उक्त बातें जिला ग्राम्य विकास संस्थान परमानंदपुर में उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन अंतर्गत मॉडल संकुल स्तरीय संघ का विजनिंग मॉड्यूल-1 (MCLF V-1) विषय पर 08 जनवरी, 2026 से चल रहे तीन दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण सत्र के समापन अवसर पर प्रशिक्षुओं को सम्बोधित करते हुए जिला प्रशिक्षण अधिकारी विमल कुमार सिंह ने कही।उन्होंने कहा कि यदि हमें सफलता प्राप्त करनी है तो हम किसी भी कार्य को करने से पहले उसकी प्लानिंग रूपरेखा तैयार कर लें और एक निश्चित उद्देश्य की प्राप्ति के लिए लक्ष्य निर्धारित कर उस दिशा में कार्य करें।

प्रशिक्षण कार्यक्रम के तीन दिवसों में डीआरपी सुरेश पाण्डेय व नीलू श्रीवास्तव द्वारा प्रशिक्षुओं को तीन दिवसों में विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से उनके सीएलएफ का प्रस्तावित सपना दृष्टि वाक्य निर्धारण कराया गया जिसके अंतर्गत विकास खंड चोलापुर के रोशनी आजीविका प्रेरणा संकुल समिति ने विजन वाक्य प्रस्तावित किया ‘रोशनी आजीविका प्रेरणा संकुल समिति ने है ठाना,सशक्त दीदी,खुशहाल परिवार,आदर्श गांव हो अपना।’ एवं नारी शक्ति महिला प्रेरणा संकुल समिति ने प्रस्तावित विजन वाक्य तय किया कि ‘नारी शक्ति महिला प्रेरणा संकुल समिति का है सपना,आत्मनिर्भर दीदी,स्वस्थ्य परिवार,विकसित गांव हो अपना।’ इसी के साथ सीएलएफ की दीदियों ने अपने-अपने ग्राम संगठन की दीदियों के साथ विशेष बैठक करने का एक प्लान तैयार किया और उसपर अगले 20 से 25 दिवसों में कार्य करके अपने सीएलएफ से जुड़े सभी ग्राम संगठनों की दीदियों को आर्थिक, सामाजिक और राजनीतिक रूप सशक्त बनाने का संकल्प लिया।प्रशिक्षण कार्यक्रम के दो सत्रों में विकास खंड चोलापुर के रोशनी सीएलएफ से 30 और नारी शक्ति सीएलएफ से 37 दीदियों को प्रशिक्षित किया गया।समापन अवसर पर सत्र प्रभारी संजय कुमार ने आत्मनिर्भर बनने पर जोर दिया।सभी प्रशिक्षुओं एवं अतिथियों का धन्यवाद ज्ञापित किया गया।इस अवसर पर सुरेश तिवारी,नीरज कुमार,संजू,मीरा,सुनीता,रेखा,रेनू,सीमा,अनिता,किरन,नीरा,नीता,चन्दा,सुमन,गीता,विजयलक्ष्मी,निर्मला,सुषमा,माधुरी,रिंकी,जरीना,मंजू,करिश्मा,वन्दना,अर्चना,ममता आदि की उपस्थिति रही।


