एस के श्रीवास्तव विकास

वाराणसी/-स्वर्गीय कवि बाबू चंद्रमा सिंह की 14वी पुण्यतिथि राजेश्वरी बालिका इंटर कॉलेज के प्रांगण में प्रबंधक कौशलेंद्र नारायण सिंह और चन्द्रमा महाविद्यालय के प्रबंधक विजयेंद्र नारायण सिंह ने कवि के चित्र पर संयुक्त रूप से माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन कर पुण्यतिथि मनाई।इस अवसर पर बोलते हुए प्रबंधक कौशलेंद्र नारायण सिंह ने कहा कि कवि की कविता अंधकार से प्रकाश शून्यता से शिखर सूक्ष्म से स्थूल कमी से संपन्नता का मार्ग प्रशस्त करती है।

कवि ने अपनी कविता के माध्यम से समाज का परिमार्जन किया है।चन्द्रमा सिंह महाविद्यालय के प्रबंधक विजयेन्द्र नारायण सिंह ने कहा कि पूज्य बाबू जी संघर्षों की उपज थे।आप उच्च कोटि के वक्ता,कुशल कवि,सत्य समाज सुधारक के रूप में जाने जाते हैं। सह प्रबंधिका डॉ सीमा राय ने कहा कि बाबू जी ने पिछड़े क्षेत्र में विद्यालय की नींव रखकर लोगों को शिक्षा की मुख्य धारा में जोड़ने का कार्य किया।आपकी रचनाएं युवा पीढ़ी को सदैव प्रेरित करती रहेगी।मुख्य अतिथि के रूप में काव्य क्षेत्र से जुड़े अमरनाथ झा और प्रमोद सिंह ने बच्चों को नाटक विधा से जुड़ने पर विशेष बल दिया तथा उनके द्वारा किया गया काव्य मंचन सराहनीय रहा।समारोह में संतोष विश्वकर्मा,देवांश राय,कुलदीप सिंह ने अपने विचार व्यक्त किया तथा आभार ज्ञापन प्रधानाचार्य शेर बहादुर विश्वकर्मा ने किया।संचालन अशोक कुमार सिंह ने किया।


