एस के श्रीवास्तव विकास
वाराणसी/-कार्यालय पशु चिकित्सालय काशी विद्यापीठ वाराणसी द्वारा बुधवार को अवैध/अपंजीकृत रूप से कार्य कर रहे झोलाछाप/मेडिकल स्टोर पर कार्यवाही के लिए मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को भेजा गया पत्र झोलाझाप पशु डॉक्टरों में मचा हड़कंप।प्राप्त जानकारी के मुताबिक मुख्य पशु चिकित्साधिकारी कार्यालय पत्रांक संख्या 1184 दिनांक 6 नवम्बर 2025 के अनुपालन में बीते 14 नवम्बर 2025 को क्षेत्र भ्रमण के दौरान मंडुवाडीह एवं मंडौली फुलवरिया तथा लहरतारा में आशीष कुमार पांडेय उर्फ ए के पाण्डेय झोलाछाप पशु चिकित्सक की जानकारी पशुपालकों द्वारा प्राप्त हुई है।ए के पाण्डेय ग्राम मातलदेई राजातालाब के निवासी हैं

एवं स्वयम को प्रतापगढ़/लठिया में पदस्थ पशु चिकित्साधिकारी बताते है एवं अनाधिकृत उपचार कर पशुपालकों का वित्तीय नुकसान तथा विभागीय कार्यों का दुष्प्रचार किया जा रहां है।इनके द्वारा प्रकाश यादव एवं राजेश पटेल ग्राम मडौली के गाय एवं मनोज यादव छित्तुपुर के भैंस का बीमारी बढ़ा चढ़ा कर बताकर अनाधिकृत दवाओ का प्रयोग करते हुए उपचार किया गया जिससे पशु मरणासन्न हो गए हैं। यह अनाधिकृत पशुओं के उपचार एवं कृत्रिम गर्भाधान से पिछले तीन वर्षों से कार्यरत है जिस पर उचित कार्यवाही के लिए पूर्व में थाना रोहनिया पर सूचित किया गया था और 19 नवम्बर 2025 दिन बुधवार को उपरोक्त झोलाझाप पशु डॉक्टर आशीष कुमार पांडेय उर्फ ए के पांडेय को कार्यालय पशु चिकित्साधिकारी काशी विद्यापीठ वाराणसी द्वारा कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है और तीन दिनों के भीतर जवाब देने की बात कही गयी है।


