एस के श्रीवास्तव विकास
वाराणसी/-राजातालाब तहसील में शनिवार को संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया।इस दौरान सैकड़ों ग्रामीण अपनी समस्याएं लेकर अधिकारियों के पास पहुंचे।कुल 148 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए,जिनमें सबसे अधिक मामले भूमि विवाद,चक मार्ग और सार्वजनिक भूमि पर कब्जे,बिजली,आपूर्ति व अन्य विभागों से संबंधित रहे।तहसील दिवस के अंतिम चरण में एक फरियादी ने डीएम के सामने जोरदार ढंग से अपनी बात रखी।कनकपुर गांव निवासी देवेंद्र यादव ने खतौनी में हुई त्रुटि को लेकर अधिकारियों पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए।उसने कहा कि एसडीएम के आदेश के बावजूद तहसीलदार ने उसके मामले में संतुष्टि नहीं की।देवेंद्र का कहना था कि “मैं दो बार डीएम को आवेदन दे चुका हूं,लेकिन कोई कार्यवाही नहीं हुई।तहसील में भ्रष्टाचार व्याप्त है,खतौनी सुधार या कोई छोटा का भी है तो उसके नाम पर 500-1000 रुपये तक वसूले जाते हैं।अगर न्याय नहीं मिला तो मुख्यमंत्री तक जाऊंगा।”

डीएम पहले मुस्कुराए उसके बाद फरियादी को कार्यवाही का आश्वासन दिया।संपूर्ण समाधान दिवस में रोहनिया के पूर्व विधायक भी अपनी समस्या लेकर पहुंचे। उन्होंने डीएम को एक शिकायत पत्र सौंपकर तहसील की सड़क को चौड़ा करने की मांग की। नाला भी टूटने की शिकायत की।उन्होंने कहा कि लंबे समय हालत खराब है,जिससे स्थानीय जनता व तहसील आने वाले फरियादियों वकीलों आवाजाही में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।डीएम ने उनकी मांग को सुनने के बाद संबंधित विभाग को आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए।

कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलाधिकारी वाराणसी ने की। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ)प्रखर सिंह,उप-जिलाधिकारी (एसडीएम) राजातालाब शांतुन कुमार सिनसिनवार,एसीपी राजातालाब अजय कुमार श्रीवास्तव,बीडीओ आराजी लाइन सुरेन्द्र सिंह यादव सहित सभी विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।डीएम ने निर्देश दिया कि प्राप्त शिकायतों का निस्तारण समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण तरीके से किया जाए।

उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जिम्मेदारी से कार्य न करने वाले अधिकारियों के विरुद्ध सख्त कार्यवाही की जाएगी।


