एस के श्रीवास्तव विकास

वाराणसी/-मिशन शक्ति अभियान के अंतर्गत “सशक्त नारी, समृद्ध प्रदेश” की परिकल्पना को साकार करने हेतु साइबर क्राइम एवं साइबर सिक्योरिटी विषय पर एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन मंगलवार को महाराजा डॉ विभूति नारायण सिंह परिसर गंगापुर महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में किया गया।कार्यक्रम के प्रारंभ में परिसर प्रभारी डॉक्टर मनीष सिंह ने अपने संबोधन में मिशन शक्ति की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आज के डिजिटल युग में महिलाओं का तकनीकी रूप से सशक्त होना अत्यंत आवश्यक है।उन्होंने कहा कि इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम छात्राओं को आत्मनिर्भर एवं सुरक्षित बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं तथा समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने में सहायक सिद्ध होते हैं।कार्यक्रम का आयोजन राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई द्वारा किया गया,जिसमें रोहनिया थाना की महिला सब-इंस्पेक्टर मानसी चौरसिया,महिला कांस्टेबल विजय भारती,आरती शाह एवं आस्था चंद का विशेष सहयोग रहा।इस अवसर पर छात्राओं एवं महिलाओं को साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों,ऑनलाइन ठगी,सोशल मीडिया के दुरुपयोग तथा डिजिटल सुरक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियाँ दी गईं।महिला सब-इंस्पेक्टर द्वारा साइबर अपराध से बचाव के व्यावहारिक उपायों सतर्कता के नियमों एवं आवश्यकता पड़ने पर कानूनी सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया को सरल भाषा में समझाया गया।उन्होंने महिलाओं से आह्वान किया कि वे डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग करते समय सजग रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना संबंधित विभाग को दें।कार्यक्रम में एनएसएस के कार्यक्रम अधिकारी डॉ रमेश मिश्रा,डॉ राजेश कुमार,डॉ महेश कुमार,डॉ अर्चना पांडेय एवं सुमित घोष तथा स्वयंसेवकों,छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों की सक्रिय सहभागिता रही।अंत में प्रतिभागियों ने इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रमों को समय-समय पर आयोजित करने की आवश्यकता पर बल दिया।


