एस के श्रीवास्तव विकास

वाराणसी/-वाराणसी समेत पूर्वांचल में फैले कफ सीरप सिंडीकेट पर एक्शन में जुटी पुलिस को मंगलवार शाम बड़ी कामयाबी मिली।पुलिस टीम ने कफ सीरप माफिया शुभम जायसवाल के करीबी और बिजनेस पार्टनर मनोज कुमार के गोदाम पर छापा मारा।गांव में बंद पड़े गोदाम के अंदर पुलिस को लाखों रुपये की कफ सीरप बरामद हुई।इन सीरप के गत्तों को पुराने परिसर में छिपाकर और ढक कर रखा गया था।एसआईटी ने सूजाबाद के इस गोदाम से आजाद जायसवाल की एक गाड़ी बरामद की है।कैंपस को सील कर दिया गया हे।अधिकारियों के अनुसार,यह कनेक्शन अब सीधे तौर पर शुभम जायसवाल से जुड़ा है,जिससे रैकेट के मुख्य सरगनाओं पर शिकंजा कसने की संभावना है।

वाहन की बरामदगी दोनों मामले आपस में जुड़े होने की पुष्टि है।मंगलवार शाम अवैध नशीले कफ सिरप के कारोबार के खिलाफ स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) ने एक नेटवर्क के जरिए गोदाम पर छापा मारा। बड़े गोदाम पर छापेमारी में लगभग 30 हजार शीशी कफ सिरप जब्त की गई,जिसकी बाजार में अनुमानित कीमत 60 लाख रुपये है।रामनगर के सूजाबाद इलाके में छापेमारी के दौरान बरामद 3000 शीशी कफ सीरप लगभग 60 लाख रुपये की है,जिसे शुभम पर शिकंजा कसने के बाद छिपा दिया गया था।छापेमारी जिस गोदाम पर की गई,वह शुभम जायसवाल के करीबी माने जाने वाले मनोज कुमार यादव का बताया जा रहा है।

जांच टीम ने इस बाउंड्री के भीतर अवैध रूप से रखे गए कफ सिरप के स्टॉक को जब्त किया।यह छापेमारी सीधे तौर पर 19 नवंबर को रोहनिया थाना क्षेत्र में पकड़े गए 2 करोड़ रुपये के कफ सिरप रैकेट से जुड़ी है।उस समय आजाद जायसवाल के गोदाम पर छापा मारकर भारी मात्रा में नशीला सिरप बरामद किया गया था

और उसके खिलाफ रोहनिया थाने में मुकदमा भी दर्ज किया गया है।रोहनिया और रामनगर पुलिस के साथ छापेमारी के दौरान डीसीपी क्राइम टी सरवण और एसीपी कोतवाली सहित अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। डीसीपी के अनुसार इस पूरे सिंडिकेट की विस्तृत जांच कर रही है ताकि अवैध रूप से नशे के लिए इस्तेमाल होने वाले इस कफ सिरप की सप्लाई चेन को पूरी तरह तोड़ा जा सके।


