एस के श्रीवास्तव विकास

वाराणसी/-सीआरसी वाराणसी भारत सरकार तथा प्रधानमंत्री दिव्यांग सहायता केंद्र (पीएमडीके) वाराणसी द्वारा एवं दिव्य समाज व महिला एवं दिव्यांग उत्थान सेवा ट्रस्ट वाराणसी के सहयोग से भारत सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय की राष्ट्रीय वयोश्री योजना के अंतर्गत जनपद वाराणसी में सहायक उपकरण वितरण शिविर का आयोजन मंगलम वाटिका सराय डगरी टिकरी वाराणसी में किया गया।कार्यक्रम का शुभारंभ आशीष कुमार झा निदेशक सीआरसी वाराणसी (भारत सरकार) द्वारा किया गया।

उन्होंने सभी अतिथियों का पुष्पगुच्छ एवं अंगवस्त्र भेंट कर औपचारिक स्वागत किया तथा सीआरसी वाराणसी द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। निदेशक महोदय ने कार्यक्रम के मुख्य उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए बताया कि इस शिविर का उद्देश्य जनपद के वृद्धजनों एवं दिव्यांगजनों को निःशुल्क आवश्यक सहायक उपकरण उपलब्ध कराकर उन्हें दैनिक जीवन में आत्मनिर्भर बनाना,उनकी कार्यक्षमता एवं गतिशीलता में सुधार करना तथा उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ना है।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित पूर्व विधायक सुरेन्द्र नारायण सिंह ने भारत सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय द्वारा संचालित राष्ट्रीय वयोश्री योजना की सराहना करते हुए कहा कि यह योजना वृद्धजनों के जीवन स्तर में सुधार लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।

उन्होंने इस प्रकार के शिविरों के नियमित आयोजन की आवश्यकता पर भी बल दिया।इस सहायक उपकरण वितरण शिविर में 303 पात्र वरिष्ठ नागरिक लाभार्थियों को निःशुल्क सहायक उपकरण जैसे श्रवण यंत्र,छड़ी,वॉकर,व्हील चेयर आदि का वितरण मुख्य अतिथि एवं अन्य गणमान्य अतिथियों द्वारा किया गया।इस अवसर पर विशिष्ट अतिथियों के रूप में जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम मौर्य,पूर्व क्षेत्रीय उपाध्यक्ष एवं वरिष्ठ भाजपा नेता सुधीर मिश्रा,पंडित दीनदयाल उपाध्याय राष्ट्रीय सशक्तिकरण दिव्यांगजन संस्थान,भारत सरकार के जीसी सदस्य भावेश सेठ,प्रदेश संयोजक,दिव्यांग प्रकोष्ठ भाजपा उत्तम ओझा उपस्थित रहे।

साथ ही निदेशक सीआरसी वाराणसी आशीष कुमार झा,असिस्टेंट प्रोफेसर (विशेष शिक्षा),प्रवक्ता (भौतिक चिकित्सा) आशीष पराशर,पी एंड ओ अवनीश सिंह,लीपू डलाई सहित अन्य वरिष्ठ समाजसेवी एवं सीआरसी स्टाफ उपस्थित रहे।यह कार्यक्रम वरिष्ठ समाजसेवी एवं शूल टंकेश्वर मंडल मंत्री सुधा त्रिपाठी के सहयोग से सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।शिविर में लगभग 500 से अधिक लोगों ने सहभागिता की।


