एस के श्रीवास्तव विकास
वाराणसी/-तहसीलदार न्यायिक राजातालाब के न्यायालय के सामने अध्यक्ष चंद्रशेखर उपाध्याय एडवोकेट के अध्यक्षता व महामंत्री अमृत कुमार सिंह पटेल के संचालन में अधिवक्ताओं का विरोध लगातार तेज होता जा रहा है।अधिवक्ता सुनील सिंह ने बताया कि कुछ दिन पूर्व साथी अधिवक्ता राज कुमार से एक फाइल पर आदेश पारित करने के नाम पर रुपए की मांग की गई थी।आरोप है कि रुपए न देने पर न्यायिक तहसीलदार ने उनके खिलाफ आदेश पारित कर दिया।इस घटना से अधिवक्ताओं में आक्रोश फैल गया और अब वे बड़े आंदोलन के मूड में हैं।

बुधवार को सुबह से ही बड़ी संख्या में अधिवक्ता तहसील परिसर में इकट्ठा हुए और धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। वकीलों ने नारेबाजी करते हुए संबंधित अधिकारी को तत्काल पद से हटाने की मांग की।अधिवक्ताओं का कहना था कि जिस पद पर ईमानदारी और निष्पक्षता की शपथ ली जाती है,वहां भ्रष्टाचार और अनियमितता किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।आंदोलन को और कड़ा रूप देते हुए अधिवक्ताओं ने ऐलान किया कि वे न्यायिक कार्य से भी विरक्त हो गए हैं।उन्होंने स्पष्ट कहा कि जब तक न्यायिक तहसीलदार को पद से नहीं हटाया जाएगा,तब तक न तो उनका धरना खत्म होगा और न ही वे न्यायिक कार्य में भाग लेंगे।धरने पर मौजूद वकीलों ने कहा कि यह केवल एक अधिवक्ता के साथ अन्याय का मामला नहीं है,बल्कि पूरे अधिवक्ता समाज की प्रतिष्ठा और न्यायिक व्यवस्था की साख से जुड़ा हुआ है।अगर ऐसे अधिकारी के खिलाफ कठोर कार्यवाही नहीं हुई तो आगे आने वाले समय में न्याय की उम्मीद करना मुश्किल हो जाएगा।धरना और बहिष्कार के कारण तहसील परिसर में दिन भर माहौल गर्म रहा और कामकाज भी प्रभावित हुआ।अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द ही कार्यवाही नहीं की गई तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।इस संबंध में बनारस बार एवं सेंट्रल बार के पदाधिकारीगण से समर्थन मांगा गया है

जिस पर उन्होंने डीएम साहब से वार्ता की है,जिलाधिकारी वाराणसी ने 21 अगस्त 2025 को अधिवक्ताओं से मिलने के लिए कहा है।धरना प्रदर्शन में मुख्य रूप से दिनेश कुमार शर्मा एडवोकेट,सर्वजीत भारद्वाज,छेदीलाल यादव,एडवोकेट रामचंद्र सिंह,एडवोकेट अमित प्रताप सिंह,रामजी सिंह पटेल,शिवम पांडेय,आनंद पटेल,नंदकिशोर सिंह,ओम प्रकाश पांडेय,अजय श्रीवास्तव एडवोकेट,दीपक सिंह,अंकेश गिरी,दीपक त्रिपाठी,काशीनाथ पटेल,रमेश कुमार,लक्ष्मीकांत पांडेय,वीरेंद्र कुमार यादव,प्रेम सागर पाठक,जगदीश प्रसाद आदि अन्य अधिवक्ता मौजूद रहे।


