एस के श्रीवास्तव विकास
वाराणसी/-राजातालाब तहसील में बिना पंजीकरण और सर्टिफिकेट ऑफ प्रैक्टिस (सीओपी) के वकालत करने वालों की जांच होगी।तहसील प्रशासन को मिली शिकायतों के बाद यह निर्णय लिया गया है।तहसील में सात सदस्यीय जांच कमेटी बनाई गई है।यह कमेटी तहसील परिसर में कार्यरत सभी वकीलों के दस्तावेजों की जांच करेगी।कमेटी बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश में पंजीकरण और सीओपी की पड़ताल करेगी।

जांच कमेटी की लिखित शिकायत पर महामंत्री कानूनी कार्यवाही करेंगे वे संबंधित धाराओं में अभियोग पंजीकृत कराएंगे।तहसीलबार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष सुनील सिंह,सर्वजीत भारद्वाज,छेदीलाल यादव और प्रशासन मंत्री राजकुमार यादव ने इस कदम का समर्थन किया है।तहसील बार एसोशिएशन के वर्तमान अध्यक्ष चंद्रशेखर उपाध्याय के अनुसार यह कार्यवाही कानूनी व्यवस्था को मजबूत करने और आम जनता के हितों की रक्षा के लिए की जा रही है।इससे अवैध रूप से वकालत करने वालों पर रोक लगेगी।जाँच टीम में मुख्य रूप से एडवोकेट अमित प्रताप सिंह,राज कुमार यादव,रितेश कुमार सिंह,काशीनाथ पटेल,अंकेश गिरी,मयंक कुमार पाण्डेय,प्रिति सिंह शामिल है।जॉच कमेटी सहायक पुलिस आयुक्त राजातालाब वाराणसी के न्यायालय में सभी लम्बित पत्रावलियों में वकालतनामा की जाँच करेगी।


