एस के श्रीवास्तव विकास

वाराणसी/-प्राथमिक विद्यालय जमीन बैरवन के जिम्मेदार अध्यापकों की दावा हवा हवाई कमरे में बैठ आराम फरमा रहे अध्यापक विद्यालय के भीतर परिसर में गोली खेल रहे बच्चे सवालों के घेरे में जमीन बैरवन प्राथमिक विद्यालय के अध्यापक की कार्यशैली।एबीएसए ने लिया प्रकरण का संज्ञान जिम्मेदार से मांगा स्पष्टिकरण।आपको बता दे कि उत्तर प्रदेश की योगी सरकार सरकारी स्कूल को हाईटेक बनाते जा रही है जिससे बच्चों को बेहतर शिक्षा व पठन पाठन अच्छे से हो सके और उसी के लिए सरकारी अध्यापकों की नियुक्ति कर लगभग 80 हजार से लेकर 1 लाख तक हर माह वेतन देती है कि बच्चों का भविष्य उज्जवल बन सके और सरकारी विद्यालय इन दिनों कान्वेंट स्कूल को सीधा टक्कर देते नजर आ रही है,अक्षय पात्र से खाना,जूता मोजा बैग ड्रेस इत्यादि सरकार देकर अभिभावकों को राहत प्रदान कर रही है और सरकारी मास्टर गुरु जी को बच्चों को पढ़ाने की जिम्मेदारी सरकारी दी है बावजूद सरकारी अध्यापक अपने आदतों से बाज नही आ रहे है कुछ अध्यापक विद्यालय समय से तो कुछ अपने मन मर्जी विद्यालय आते है और आने के बाद कक्षा के बच्चे जिन्हें मॉनीटर बनाया गया है उनको कुछ लिखकर सभी से दोहराने की बात कहकर आफिस या उसी कार्यालय में मोबाईल फोन देखना या आराम फरमाना उनकी आदत बन गयी है जी हाँ इसी प्रकार एक ऐसा ही जीता जागता मामला उदाहरण के रूप में आराजी लाइन विकास खण्ड के ग्राम पंचायत जमीन बैरवन प्राथमिक विद्यालय से सामने आया जहाँ मास्टर साहब कमरे में और बच्चे स्कूल परिसर में गोली खेलते नजर आये जिसकी वीडियो सोशल मीडिया इंटरनेट प्लेटफार्म पर पूरे दिन वायरल हुआ वायरल वीडियो का संज्ञान लेकर खण्ड शिक्षा अधिकारी आराजी लाइन शशिकांत श्रीवास्तव ने विद्यालय के मास्टर/अध्यापक/प्रिंसिपल से स्पष्टीकरण माँगा है।


